अनुराधा नक्षत्र का प्रतीक चिन्ह है दंडी स्वामी इसमें शक्ति एवं सुरक्षा दोनों का प्रतीक हैं।राधा जी के पीछे चलने वाली शक्ति है अनुराधा नक्षत्र हैं।दूसरे शब्दों में तपस्या का फल प्राप्त होता हैं।★★★★ अनुराधा नक्षत्र चिन्ह है। अनुराधानक्षत्र वाले जातक मिलजुलकर कार्य करना पसन्द करते हैं। अनुराधा नक्षत्र के आदिदेव है, द्वादश आदित्य हैं। अनुराधा नक्षत्र के स्वामी है । नक्षत्रपति शनि देव हैं। कुम्भ राशि के गुण लगभग अनुराधा नक्षत्र से मिलते है। इन जातकों में विशेष गुण होते है कि दुश्मन के मिलकर कार्यसिद्धि प्राप्त कर लेता है। अनुराधा नक्षत्र वाले जातक ज्ञान पीपासु विद्या व्यसनी, नई जानकारी हासिल करने पर हमेशा तत्पर रहते हैं। इन जातकों में विशिष्ट गुण होता हैं खोज, अन्वेषण व शोध होता हैं।प्रकृति के रहस्यों को सुलझाने में सक्षम होते है। ये जातक रूढ़िवादी परम्परा को छोड़कर सामाजिक,आर्थिक और राजनैतिक स्तर से जीवन के विकास की बढ़ते हैं। ऐसे जातक भौतिक विज्ञान, गणित व सँख्याकी में रूचि रखते है। गुप्त विद्या, खगोलशास्त्र, अंक शास्त्र में जिज्ञासा रखते हैं। जिन लोगों का जन्म अनुराधा नक्षत्र में होता हैं।उनकी वक्षःस्थल पर बड़े सख्त और ज्यादा बाल होते है।आयु बढ़ने के साथ पेट में चरबी की वृद्धि होती हैं। लेकिन इन जातकों छलकपट से घृणा होती हैं।
आज दिनॉक 22 -03 -2014 को सुबह 4 बजकर 22 मिनट पर अनुराधा नक्षत्र का तीसरा
पाद आरम्भ हुआ है । चन्द्रमा इस पाद में आया है । इस पाद के स्वामी शुक्र
है । नक्षत्र स्वामी शनि है और आज शनिवार है । इस पाद में जन्म लेने वाले
जातक (बच्चे ) लम्बी आयु वाले होगे, शुक्र ,चन्द्र और शनि के प्रभाव से
लम्बी आयु होगी और राशि मंगल की है । जातक संघर्षशील, कठोर मेहनत करनवाले
होगे ।
आज दिनॉक 22 -03 -2014 को सुबह 10बजकर 16मिनट पर अनुराधा नक्षत्र का चौथा पाद आरम्भ हुआ है । चन्द्रमा इस पाद में आया है । इस पाद के स्वामी मंगल है । नक्षत्र स्वामी शनि है और आज शनिवार है । इस पाद में जन्म लेने वाले जातक (बच्चे ) नपुंसकता युक्त होता है । मंगल जो काम- पूर्ण ग्रह है । वह शनि के प्रभाव और राशि मंगल की है । जातक संघर्षशील, कठोर मेहनत करनवाले होगे । अनुराधा नक्षत्र पापाक्रांत हो,तो गुप्त रोग,कब्ज,औरतो को मासिक-धर्म आदि व गुप्त रोगो हो सकते है ।
आज दिनॉक 22 -03 -2014 संध्या 4 बजकर 07 मिनट पर चन्द्रमा
ज्येष्ठा नक्षत्र के प्रथम पाद में प्रवेश कर गया है । इस पाद का स्वामी
गुरु है और नक्षत्र स्वामी बुध है तथा चन्द्र और बुध में कोई मित्रता
नही है । जातक क्रूर स्वभाव वाला होगा । यह गण्ड मूल वाला ग्रह है । इस पाद
जन्म लेने वाला जातक अपने बड़े भाई के लिये अनिष्ट कारक होगा ।
आज दिनॉक 22 -03 -2014 रात 21 बजकर 58 मिनट पर चन्द्रमा
ज्येष्ठा नक्षत्र के दूसरे पाद में प्रवेश कर गया है । इस पाद का स्वामी Saturn है और नक्षत्र स्वामी Mercury है तथा चन्द्र और बुध में कोई मित्रता
नही है । जातक धर्म और कर्म रूचि वाला होगा । यह गण्ड मूल वाला ग्रह है ।
इस पाद जन्म लेने वाला जातक अपने छोटे भाई के लिये अनिष्ट कारक होगा ।
आज दिनॉक 22 -03 -2014 को सुबह 10बजकर 16मिनट पर अनुराधा नक्षत्र का चौथा पाद आरम्भ हुआ है । चन्द्रमा इस पाद में आया है । इस पाद के स्वामी मंगल है । नक्षत्र स्वामी शनि है और आज शनिवार है । इस पाद में जन्म लेने वाले जातक (बच्चे ) नपुंसकता युक्त होता है । मंगल जो काम- पूर्ण ग्रह है । वह शनि के प्रभाव और राशि मंगल की है । जातक संघर्षशील, कठोर मेहनत करनवाले होगे । अनुराधा नक्षत्र पापाक्रांत हो,तो गुप्त रोग,कब्ज,औरतो को मासिक-धर्म आदि व गुप्त रोगो हो सकते है ।
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