मंगल की राशि वृश्चिक में अनुराधा नक्षत्र का समावेश होता है। राधा के पीछे चलने वाली । अनुराधा नक्षत्र को वैदिक ऋषि ने इसे तपस्वी का दंड माना जाता है। अनुराधा नक्षत्र वाले जातकों को लक्ष्य प्राप्त कर विजय प्राप्त करना कहते हैं।जातक का स्वभाव खोज, अन्वेषण एवं शोध को अनुराधा नक्षत्र का गुण मानते हैं।सभी वर्ग के लोगों में जोड़ना होगा। बच्चे के शरीर पर कठोर बालों अधिक होना ।इस नक्षत्र में जन्म लेने वाले लोग पूजापाठ में दक्ष होता है।इस नक्षत्र को निम्न श्रेणी का माना जाता है। नक्षत्र के स्वामी शनि है।राशिश मंगल ,पुरुष श्रेणी में आकलन किया जाता है।दक्षिण और उत्तर दिशा का प्रतिनिधित्व करता है। उद्योगपति, संस्थापक, मनोविज्ञानिक, वैज्ञानिक,रात्रि का चौकीदार,गुप्तचर एजेंसियों, संगीत प्रस्तुति, प्रबंधक, विदेशी भूमि पर राजदूत आदि। अनुराधा नक्षत्र में दो बड़ी शक्तियों शनि और मंगल का सहयोग मिलेगा। अग्नित्त्व नक्षत्र विनाशक विस्फोट, पेट्रोल होता है।दोनो तरह की प्रकृति कोमल और क्रूर योद्धा, शासक और रहस्यों का समावेश होता है। अलौकिक शक्ति और विद्याओं,ऊर्जा,आत्मा साक्षात्कार का समावेश होता है।अनुराधा नक्षत्र में गुण कुंडलिनी शक्ति जागरण करना होता है। नक्षत्र मंडल का सत्रहवां नक्षत्र है।आकाश से अमृत कलश स्थापना करना होता है
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
आज दिनॉक 18 -04 -2014 4 बजकर 30 मिनट पर
चन्द्रमा जन्म समय में नक्षत्र के अनुराधा दूसरे पद में प्रवेश कर
करेगा है ।
नक्षत्र पद का स्वामी बुध ग्रह है तथा नक्षत्र का स्वामी शनि है
। चन्द्र और शनि व सूर्य ग्रह है । इस पाद जन्म लेने वाला जातक धर्मिक होता क्योकि शनि और बुध । क्योकि नक्षत्र पद 6 डिग्री से 40 मिनट से 10 डीग्री 00 मिनट तक रहेगा । इस समय वृशिचक राशि में प्रवेश करेगा हैजातक जनप्रिय नेता होता है
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
पक्ष कृष्ण पक्ष
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
आज दिनॉक 18 -04 -2014 10 बजकर 20 मिनट पर
चन्द्रमा जन्म समय में नक्षत्र के अनुराधा तीसरे पद में प्रवेश कर
करेगा है ।
नक्षत्र पद का स्वामी शुक्र ग्रह है तथा नक्षत्र का स्वामी शनि है
। चन्द्र और शनि व सूर्य ग्रह है । इस पाद जन्म लेने वाला जातक लम्बी आयु वाला होता क्योकि शनि और शुक्र । क्योकि नक्षत्र पद 10 डिग्री से 00 मिनट से 13 डीग्री 20 मिनट तक रहेगा । इस समय वृशिचक राशि में प्रवेश करेगा है जातक खाध तेल निर्माता एवं विक्रेता होता है
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
पक्ष कृष्ण पक्ष
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
आज दिनॉक 18 -04 -2014 16 बजकर 06 मिनट पर
चन्द्रमा जन्म समय में नक्षत्र के अनुराधा चतुर्थ पद में प्रवेश कर
करेगा है ।
नक्षत्र पद का स्वामी मंगल ग्रह है तथा नक्षत्र का स्वामी शनि है
। चन्द्र और शनि व मंगल ग्रह है । इस पाद जन्म लेने वाला जातकअपने स्वजनो के प्रति श्रेष्ट भावनाये रखने वाला होता क्योकि शनि और मंगल व चन्द्र
। क्योकि नक्षत्र पद 13डिग्री से 20 मिनट से 16 डीग्री 40 मिनट
तक रहेगा । इस समय वृशिचक राशि में प्रवेश करेगा है जातक खाध तेल
निर्माता एवं विक्रेता व शारीरिक बल के कार्य करने वाला होता है
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
पक्ष कृष्ण पक्ष
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
आज दिनॉक 18 -04 -2014 21 बजकर 54 मिनट पर
चन्द्रमा जन्म समय में नक्षत्र के ज्येष्ठा प्रथम पद में प्रवेश कर
करेगा है ।
नक्षत्र पद का स्वामी गुरु ग्रह है तथा नक्षत्र का स्वामी बुध है
। चन्द्र और बुध व गुरु ग्रह है । इस पाद जन्म लेने वाला जातकअपने मित्रो में प्रधान होता बुध और गुरु व चन्द्र । क्योकि नक्षत्र पद 16 डिग्री से 40 मिनट से 20 डीग्री 00 मिनट तक रहेगा । इस समय वृशिचक राशि में प्रवेश करेगा है जातक प्रकाशन,मुद्रण करने वाला होता है
जय माँ अम्बे तेरी जय हो |
पक्ष कृष्ण पक्ष
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